Cm Yogi:कपिल देव अग्रवाल, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), ने कहा कि वर्तमान सरकार भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता पर जोर दे रही है, जबकि पिछली सरकारों में दलाली और भ्रष्टाचार आम था. उन्होंने बताया कि योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में 9 लाख से अधिक नौकरियां बिना किसी भ्रष्टाचार के प्रदान की गई है.

CM yogi ने नौकरी को लेकर कही ये बात
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोकभवन में आयोजित एक कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के नवनियुक्त अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र सौंपे.इस दौरान उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग और उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के जरिए चुने गए 202 प्रोफेसर, रीडर, चिकित्सा अधिकारी और स्टाफ नर्स (आयुष विभाग) को नियुक्ति पत्र दिए गए। साथ ही व्यावसायिक शिक्षा विभाग के 272 अनुदेशकों और दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग के 7 नर्स, हॉस्टल वार्डन व कंपाउंडर को भी सीएम ने नियुक्ति पत्र वितरित किए.
कार्यक्रम में अपने संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अब सरकारी नौकरी हासिल करने के लिए किसी तरह की सिफारिश की आवश्यकता नहीं है. उन्होंने बताया कि आयुष विभाग में सत्यापन प्रक्रिया में कुछ समय जरूर लगा है.लेकिन आवेदन करने से लेकर परीक्षा और परिणाम तक कहीं भी किसी सिफारिश या गलत दबाव की जरूरत नहीं पड़ी.

सीएम ने कहा कि जब नीयत साफ हो और नीति स्पष्ट हो तो नतीजे आने में देरी नहीं होती. बीते नौ वर्षों में सरकार ने कई नए रिकॉर्ड बनाए हैं. पहले कोई कल्पना भी नहीं कर सकता था कि यूपी में भर्तियां निष्पक्ष तरीके से होंगी. हमने अलग-अलग आयोगों को जिम्मेदारी के साथ काम सौंपा और तकनीक का सही इस्तेमाल किया.उन्होंने जोर देकर कहा कि हमारा मकसद है कि किसी भी युवा के साथ अन्याय न हो, और इसी सोच के साथ अब पारदर्शी व निष्पक्ष भर्तियां हो रही है.
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पिछले 15 दिनों में यह हमारा चौथा नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम है.26 अप्रैल को 60 हजार पुलिस आरक्षियों की पासिंग आउट परेड हुई थी. अब तक चार बड़ी भर्तियां पूरी हो चुकी हैं.पिछले हफ्ते भी हमने नियुक्ति पत्र बांटे थे और आज यह चौथा कार्यक्रम है.
सीएम ने नवनियुक्त अभ्यर्थियों का स्वागत करते हुए कहा कि आप सभी का प्रदेश सरकार का हिस्सा बनने पर अभिनंदन है सरकार को भी आपसे कुछ उम्मीदें है. जब योग्य और प्रतिभावान युवा व्यवस्था से जुड़ते हैं तो विकास की गति और प्रगति दोनों तेज होती है. दोनों का आपस में गहरा संबंध है, और इसका सबसे बड़ा उदाहरण निष्पक्ष भर्ती प्रक्रिया है.

उन्होंने पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले नौकरियां पैसे लेकर दी जाती थी.युवाओं का शोषण होता था.जाति, मजहब और धर्म देखकर नियुक्तियां की जाती थी. इससे प्रतिभाशाली युवा निराश होकर प्रदेश छोड़ने को मजबूर हो जाते थे। नतीजा यह हुआ कि यूपी का विकास रुक गया. राज्य बीमारू प्रदेश की श्रेणी में आ गया और अराजकता की तरफ बढ़ने लगा.युवाओं के सामने अपनी पहचान का संकट खड़ा हो गया था.
पहले उत्तर प्रदेश को गुंडाराज, भ्रष्टाचार और अराजकता का प्रतीक बना दिया गया था. लेकिन आज हालात बदल गए है. अब आप देश के किसी भी कोने में चले जाएं, यूपी का नाम सुनते ही लोगों के चेहरे पर मुस्कान आ जाती है.वे आपका स्वागत करने के लिए तत्पर दिखते है.
हमने प्रदेश की अर्थव्यवस्था को तीन गुना तक बढ़ाया है. प्रति व्यक्ति आय भी तीन गुना हो चुकी है. आज कई राज्यों के मुकाबले यूपी की अर्थव्यवस्था ज्यादा मजबूत है.अब कोई भी यूपी को बीमारू राज्य कहकर नहीं बुलाता.उत्तर प्रदेश आज सरप्लस स्टेट बन चुका है और देश के विकास का इंजन बनकर उभरा है.
यूपी सबसे ज्यादा नियुक्ति पत्र बांटने वाला, किसानों को प्रोत्साहन देने वाला और योजनाओं का लाभ सबसे ज्यादा लोगों तक पहुंचाने वाला राज्य बन गया है. हर क्षेत्र में प्रदेश तरक्की कर रहा है और युवाओं के लिए नए अवसर बढ़े है.
Cm Yogi के योगदान को कपिल देव ने सराहा
इस कार्यक्रम के दौरान व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यों की सराहना की.
उन्होंने कहा कि सीएम योगी के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश ने हर क्षेत्र में काफी तरक्की की है. मंत्री ने मौजूदा सरकार की भर्ती व्यवस्था की तुलना पिछली सरकारों से करते हुए कहा कि पहले जहां नौकरियों में बिचौलियों और भ्रष्टाचार का बोलबाला था, वहीं अब प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी है.कपिल देव अग्रवाल ने जानकारी दी कि योगी आदित्यनाथ के कार्यकाल में 9 लाख से ज्यादा युवाओं को बिना किसी रिश्वत या गड़बड़ी के सरकारी नौकरियां दी गई है. साथ ही उन्होंने बताया कि उनके विभाग ने बीते 9 साल में 14 लाख युवाओं को स्किल ट्रेनिंग दी है, जिनमें से 7.5 लाख युवाओं को अलग-अलग सेक्टर में रोजगार भी मिला है.

मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने कौशल विकास की दिशा में किए गए कार्यों का भी जिक्र किया. उन्होंने बताया कि डीडीयू-जीकेवाई योजना के जरिए ग्रामीण इलाकों के युवाओं को हुनरमंद बनाया जा रहा है. साथ ही टाटा के सहयोग से आईटीआई संस्थानों में इंडस्ट्री की जरूरतों के मुताबिक नए ट्रेड शुरू किए गए हैं, जैसे सोलर टेक्नोलॉजी, एविएशन, 3डी प्रिंटिंग और इलेक्ट्रिक व्हीकल्स.
मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के आत्मनिर्भर भारत और 5 ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था के लक्ष्य को हासिल करने में उत्तर प्रदेश और उनके विभाग की अहम भूमिका है. उन्होंने नवनियुक्त कर्मचारियों से अपील की कि वे पूरी ईमानदारी और निष्ठा के साथ अपने कर्तव्यों का पालन करें.अपने संबोधन में कपिल देव अग्रवाल ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के व्यक्तित्व की तुलना भगवान हनुमान से करते हुए उनके प्रदेश के विकास में दिए गए योगदान की भी जमकर प्रशंसा की.
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