North Korea:उत्तर कोरिया ने जापान की ओर 10 बैलिस्टिक मिसाइलें दागी हैं, जिससे क्षेत्र में तनाव बढ़ गया है.दक्षिण कोरियाई सेना ने शनिवार को यह जानकारी दी. उनका कहना है कि उत्तर कोरिया ने पूर्वी समुद्र की ओर लगभग 10 मिसाइलें दागीं, जिससे जापान और दक्षिण कोरिया में हड़कंप मच गया.
यह घटना तब हुई जब दक्षिण कोरिया और अमेरिका संयुक्त सैन्य अभ्यास कर रहे थे, जिसे उत्तर कोरिया ने अपनी सुरक्षा के लिए खतरा बताया है.उत्तर कोरिया के शासक किम जोंग उन की ओर से यह शक्ति प्रदर्शन क्षेत्र में तनाव को और बढ़ा सकता है.दक्षिण कोरिया और जापान ने तुरंत अपनी सुरक्षा बढ़ा दी है और अमेरिका के साथ मिलकर स्थिति की निगरानी कर रहे है.
उत्तर कोरिया ने दागे 10 बैलिस्टिक मिसाइलें
उत्तर कोरिया ने जापान के पास समुद्र में 10 बैलिस्टिक मिसाइलें दागी हैं, जिससे क्षेत्र में तनाव बढ़ गया है.दक्षिण कोरिया के जॉइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ ने बताया कि मिसाइलें प्योंगयांग के पास के इलाके से दागी गई, लेकिन अभी यह स्पष्ट नहीं है कि वे कितनी दूर तक गई. जापान के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि मिसाइलें देश के विशेष आर्थिक क्षेत्र के बाहर समुद्र में गिर गई.

दक्षिण कोरियाई सेना ने इस घटना के बाद अपनी निगरानी बढ़ा दी है और अमेरिका व जापान के साथ सूचनाएं साझा कर रही है. वे संभावित अतिरिक्त लॉन्च के खिलाफ तैयार है.यह घटना ऐसे समय हुई है जब अमेरिका और दक्षिण कोरिया हजारों सैनिकों के साथ वार्षिक बसंतकालीन अभ्यास कर रहे हैं, जिसे उत्तर कोरिया अपनी सुरक्षा के लिए खतरा मानता है.अमेरिका इस समय मध्य पूर्व में ईरान के साथ बढ़ते तनाव में भी व्यस्त है, जिससे क्षेत्र में स्थिति और भी जटिल हो गई है.

क्यों दागे मिसाइल?
अमेरिका दक्षिण कोरिया में तैनात कुछ मिसाइल रक्षा प्रणालियों को ईरान के खिलाफ ऑपरेशन के लिए स्थानांतरित करने की योजना बना रहा है. स्थानीय मीडिया ने सुरक्षा कैमरा फुटेज के हवाले से बताया है कि अमेरिका THAAD और पैट्रियट सिस्टम को ईरान के खिलाफ इस्तेमाल करने के लिए दक्षिण कोरिया से हटाने की तैयारी कर रहा है.दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे म्युंग के कार्यालय ने इस खबर की पुष्टि नहीं की है, लेकिन कहा है कि इससे उत्तर कोरिया के खिलाफ रक्षा मुद्रा पर असर नहीं पड़ेगा. उत्तर कोरिया ने हमेशा इन अभ्यासों को आक्रमण की पूर्वाभ्यास बताकर हथियार परीक्षणों का बहाना बनाया है.इस कदम से क्षेत्र में तनाव बढ़ सकता है, क्योंकि उत्तर कोरिया पहले से ही अमेरिका और दक्षिण कोरिया के संयुक्त सैन्य अभ्यासों का विरोध करता रहा है.
बीते दिनों दी थी अमेरिका को धमकी
उत्तर कोरिया की किम यो जोंग ने अमेरिका-दक्षिण कोरिया के संयुक्त सैन्य अभ्यास की आलोचना की है और चेतावनी दी है कि अगर उत्तर की सुरक्षा को चुनौती दी गई तो भयानक परिणाम भुगतने पड़ेंगे. उत्तर कोरिया ने ईरान पर अमेरिका-इजरायल के हमलों की निंदा की और नए सुप्रीम लीडर मुज्तबा खामेनेई का समर्थन जताया है.11 दिनों तक चलने वाला फ्रीडम शील्ड अभ्यास 19 मार्च तक चलेगा, जिसमें वॉरियर शील्ड फील्ड ट्रेनिंग भी शामिल है.उत्तर कोरिया ने परमाणु कार्यक्रम पर बातचीत फिर से शुरू करने की पेशकश ठुकरा दी है. किम जोंग उन ने रूस को प्राथमिकता दी है और यूक्रेन युद्ध में हजारों सैनिक व हथियार भेजे हैं.
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