Thursday, February 5, 2026

BJP का राहुल गांधी पर पलटवार! कर्नाटक सरकार के सर्वे में EV‍M हुआ पास

Must read

BJP:कर्नाटक सरकार की एजेंसी के सर्वे में ईवीएम पर जनता का भरोसा दिखाने के बाद भाजपा और शिवसेना ने कांग्रेस और राहुल गांधी पर हमला बोला है. 5100 लोगों और 102 विधानसभा क्षेत्रों में किए गए सर्वे में ज्यादातर लोगों ने ईवीएम पर विश्वास जताया है.

BJP (photo credit -google)

कांग्रेस पर बीजेपी का पलटवार

कर्नाटक सरकार के सर्वे में ईवीएम पर जनता का भरोसा दिखाने के बाद भाजपा ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर हमला बोला है .कांग्रेस की अगुवाई वाली कर्नाटक सरकार ने 2024 के लोकसभा चुनाव के लिए किए गए सर्वे में ईवीएम पर लोगों का विश्वास दिखाया है, जिससे भाजपा को राहुल गांधी के आरोपों पर पलटवार करने का मौका मिला है.

BJP (photo credit -google)

सर्वे का नाम था “नागरिकों के ज्ञान, दृष्टिकोण और व्यवहार पर किए गए अंतिम सर्वे का मूल्यांकन.” इसमें 83.61% लोगों ने कहा कि उन्हें ईवीएम पर भरोसा है.कुल मिलाकर 69.39% लोगों ने माना कि ईवीएम सही नतीजे देती है, जबकि 14.22% ने इस बात से पूरी तरह सहमति जताई. यह सर्वे 5,100 लोगों के बीच 102 विधानसभा क्षेत्रों में किया गया, जिसमें बंगलूरू, बेलगावी, कलबुर्गी और मैसूर प्रशासनिक क्षेत्रों को शामिल किया गया था.

आंकड़ों के अनुसार, कलबुर्गी में ईवीएम पर सबसे अधिक भरोसा देखा गया, जहां 83.24% लोगों ने सहमति और 11.24% ने पूरी सहमति जताई.मैसूर में 70.67% ने सहमति और 17.92% ने पूर्ण सहमति जताई. बेलगावी में 63.90% ने सहमति और 21.43% ने पूरी सहमति जताई. बंगलूरू में पूर्ण सहमति सबसे कम 9.28% रही, हालांकि 63.67% ने सहमति जताई.
बंगलूरू में तटस्थ मत सबसे अधिक 15.67% रहे.

BJP (photo credit -google)

भाजपा ने कही ये बात

भाजपा ने कर्नाटक सरकार की आलोचना की, जो स्थानीय निकाय चुनाव में मतपत्रों का उपयोग कर रही है. पार्टी ने कहा कि जनता का ईवीएम पर भरोसा होने के बावजूद सिद्धारमैया सरकार कर्नाटक को पीछे ले जा रही है. स्थानीय चुनावों में मतपत्रों का उपयोग करना हेरफेर, देरी और दुरुपयोग का दरवाजा खोलना है.

शाइना एनसी ने कहा कि इस सर्वे से ईवीएम और चुनाव आयोग पर सभी संदेह खत्म हो जाते हैं. उन्होंने कहा कि अब राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी को देश से माफी मांगनी चाहिए, क्योंकि उन्होंने सिर्फ झूठ फैलाया है.यह सर्वे उनके दावों को गलत साबित करता है और एक सशक्त लोकतंत्र की स्वतंत्र एजेंसियों और न्यायसंगत कार्यप्रणाली पर सवाल उठाने वालों के लिए करारा तमाचा है.

ये भी पढ़ें:Pawan Singh नहीं लड़ेंगे विधानसभा चुनाव,कहा चुनाव लड़ने के लिए पार्टी ज्वाइन नहीं किया

- Advertisement - spot_img

More articles

- Advertisement - spot_img

Latest article